जहानाबाद जिले के रतनी फरीदपुर प्रखंड में महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना (मनरेगा) में बड़े स्तर पर गड़बड़ी का मामला सामने आया है। मजदूरों के पसीने और मेहनत की कमाई पर अब फोटोशॉप और कॉपी-पेस्ट का खेल हावी होता नजर आ रहा है। आरोप है कि मोबाइल गैलरी में सुरक्षित एक ही फोटो को बार-बार पोर्टल पर अपलोड कर सरकारी राशि की बंदरबांट की जा रही है।

कार्यों में उपस्थिति और काम के सत्यापन के लिए अपलोड की जाने वाली तस्वीरों में भारी अनियमितता बरती गई है। कई योजनाओं में एक ही तस्वीर को अलग-अलग कार्यों और तारीखों में इस्तेमाल किए जाने का आरोप है। इससे योजना की पारदर्शिता पर सवाल खड़े हो गए हैं।

ग्रामीणों का कहना है कि मजदूरों की वास्तविक उपस्थिति और कार्य की स्थिति को नजरअंदाज कर फर्जी तरीके से भुगतान निकालने का प्रयास किया जा रहा है। मामले के सामने आने के बाद स्थानीय स्तर पर चर्चा तेज हो गई है।
इस संबंध में उप विकास आयुक्त डॉ प्रीति कुमारी ने कहा कि यदि इस प्रकार की गड़बड़ी की जा रही है तो मामले की जांच कराई जा रही है। जांच रिपोर्ट आने के बाद दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।


